बता दें कि इराक में ISIS के खिलाफ निर्णायक जंग चल रही है। आतंकियों के खिलाफ इराकी सेना के अलावा कई देशों की सेना लड़ाई लड़ रही है। कुर्द लड़डाके भी मैदान में हैं। आईएस के आतंकियों को चुन-चुन कर मारा जा रहा है। मोसुल से महज दो किलोमीटर की दूरी पर इराक की सेनै तैनात है। इराकी प्रधानमंत्रीअबादी ने कहा कि अब आतंकियों के पास कोई रास्ता नहीं है। हम ने उन्हे चारों तरफ से घेर लिया है। जल्द ही इराक से आईएसआईएस का पूरी तरह से सफाया हो जाएगा। ऊपरवाले के करम से हम आतंकियों का सिर कलम कर देंगे। उनके पास बच कर निकलने का कोई रास्ता नहीं है। वो किसी भी तरह से बच नहीं सकते हैं। बता दें कि सेना द्वारा घिरने के बाद आईएस के आतंकी महिलाओं के कपड़ों में बचकर भागने की योजना बना रहे हैं। उनकी इस योजना को भी नाकाम कर दिया गया।
बता दें कि मोसुल इराक का दूसरा सबसे बड़ा शहर है। ISIS ने साल 2014 से ही इस पर कब्जा कर रखा है। आईएस के खिलाफ इराकी सेना और कुर्दिश लड़ाके जंग लड़ रहे हैं। मोसुल को IS से कब्जे से मुक्त कराने का व्यापक अभियान चला रहे हैं। आतंकी संगठन के खिलाफ ये लड़ाई अब आखइरी दौर में पहुंच गई है। बीबीसी की खबर के मुताबिक मंगलवार सुबह-सुबह हमले के बाद आतंकवाद निरोधी सेवा के सुरक्षाबल बाजवाया में घुसे। ये इलाका मोसुल की सीमा से पहले आखिरी गांव है। साफ है कि आतंकियों के बचने की सारी संभावनाएं खत्म हो गई हैं। अभी तक ये साफ नहीं हो पाया है कि आईएसआईएस का मुखिया बगदादी कहां है। बताया जा रहा है कि वो बुरी हालत में है। जहर के कारण उसकी हालत लगातार खराब होती जा रही है।
खबरें हैं कि ISIS के मुखिया बगदादी को जहर दिया गया है। उसके खाने में जहर मिलाकर दिया गया था। जिसे उसने खा लिया था। उसके बाद से वो लगातार गायब है। आईएस के आतंकी उसे किसी सुरक्षित ठिकाने की तरफ ले गए हैं। कुल मिलाकर इराक से ISIS का खात्मा लगभग हो गया है। खत्म होने से पहले आतंकी लगातार धमाकों के जरिए दहशत पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं। सुरक्षाबलों को कार बमों का सामना करना पड़ रहा है। इससे पहले, सेना ने मोसुल पर कब्जे के लिए अभियान शुरू करने की घोषणा की थी। अमेरिकी नेतृत्व वाली गठबंधन सेना के समर्थन में भारी हथियारों और बख्तरबंद वाहनों में सवार सैकड़ों सैनिक तोपों और बुलडोजरों के साथ गांव की तरफ बढ़ रहे हैं। पिछले 3 सालों से आतंक का पर्याय बने आईएसआईएस का खात्मा पूरी दुनिया के लिए राहत की बात है।
