नासा ने उसे इंटरनेशनल स्पेस डेवलपमेंट सेमिनार के तहत 18 से 22 मई तक अमेरिका में होने वाले ओरल प्रजेंटेशन के लिए अमंत्रित किया है. विशाल ने बताया कि, अमरोहा की बाजारों में ड्रोन कैमरा बनाने के लिए समान नहीं मिला तो उसने दिल्ली के जामा मस्जिद स्थित कबाड़ी की दुकान पर गया.
यहां से कैमरे संबंधित उपकरण लेकर आया और अन्य जगहों से पुराने उपकरणों लाकर ड्रोन कैमरा तैयार किया है.
विशाल ने बताया कि यह ड्रोन कैमरा डिफेंस के बहुत काम आ सकता है. क्योकि इस कैमरे में एक लिपो बैट्री लगी है. भारत में पेपर बैट्री मिलती नहीं है, नहीं तो इसमें पेपर बेट्री लगता. पेपर बेट्री लगाने से यह 24 घंटे तक चार्ज रहता और देश सीमा पर हम इसके माध्यम से 24 घंटे तक निगरानी रख सकते है.
