महनाज फातिमा रोजा के साथ मंगलवार व्रत भी रखती है और मंदिर में जाकर करती है सुंदर कांड का पाठ

Translate News:
     ‘इंसान को हर धर्म का पालन करना चाहिए फिर चाहे वो हिंदू हो या मुस्लिम।’ यह कहना है लखनऊ के ठाकुरगंज की रहने वाली हनुमान भक्त महनाज फातिमा का। रमजान के दिनों में वह रोजा भी रहती हैं और नवरात्रि-बड़ा मंगल पर व्रत भी रखती हैं।
      महनाज पिछले 10 साल से मंदिरों में श्रद्धालुओं की सेवा करती आ रही हैं। मंदिर में उनकी ड्यूटी श्रद्धालुओं को दर्शन करवाने, प्रवेश करवाने, लाइन लगवाने में लगती है। उनका मानना है कि उन्हें हनुमान जी की सेवा करने से कोई नहीं रोक सकता। बचपन से ही उनके मन में हनुमानजी के लिए भक्ति भावना थी।
      महनाज बताती हैं, स्कूल से लौटते समय वो अक्‍सर मंदिर जाकर मत्था टेकती थीं और तिलक लगाकर घर आती थीं। माथे पर टीका देख कई बार घरवाले हैरत में पड़ जाते थे और सवाल करते थे कि तुम मंदिर क्यों गईं, तुम तो मुस्लिम हो। लेकिन अब कोई कुछ नहीं कहता सब मेरी भक्तिभावना के आगे झुक गए।
     इस साल जून महीने में रमजान शुरू हो गए। वहीं, बड़े मंगल की भी शुरुआत हुई। एक बार तो बड़ा मंगल और रोज़ा एक ही दिन पड़ गया महनाज बताती हैं, बड़े मंगल के चलते वो रोजे के साथ-साथ उन्‍होंने व्रत भी रखा और मंदिर जाकर सुंदरकांड भी पढ़ा।
      महनाज के पिता अब इस दुनिया में नहीं हैं। वह अपनी मां और बड़े भाई के साथ रहती हैं। वो कहती हैं कि पिता के जाने के बाद से उनके घर को बड़े भाई और मां ने संभाला। लेकिन अब वो भी इस काबिल हो चुकी हैं कि घर को संभालने में हाथ बटाएं। वह गवर्नमेंट सर्विस की तैयारी के साथ-साथ बच्चों को ट्यूशन भी पढ़ाती हैं।




Loading...

#buttons=(Accept !) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Learn More
Accept !
To Top